Shadow

tourism

क्राफ्ट बाजार भिलाई में दिखी भारत के विभिन्न शिल्प संस्कृति की झलक

क्राफ्ट बाजार भिलाई में दिखी भारत के विभिन्न शिल्प संस्कृति की झलक

chhattisgarh, News, special, tourism
छत्तीसगढ़ हस्तशिल्प विकास बोर्ड द्वारा दस दिवसीय अखिल भारतीय क्राफ्ट बाजार भिलाई में विभिन्न राज्यों से आए हस्तशिल्प कलाकरों की उत्कृष्ट कलाकृतियों की विविधता की झलक देखने को मिल रही है, जो ग्राहकों के लिए आकर्षण का केन्द्र बना हुआ है। उल्लेखनीय है कि ग्रामोद्योग मंत्री गुरू रूद्रकुमार ने दुर्ग शहर विधायक श्री अरूण वोरा की अध्यक्षता में 12 से 21 तक फरवरी तक चलने वाले इस दस दिवसीय क्राफ्ट बाजार मेले का शुभारंभ किया था। क्राफ्ट बाजार में आंध्रप्रदेश के हैदराबादी ज्वेलरी, कर्नाटक के बिड ज्वेलरी, झारखंड का हैंड इमाब्राइडरी, जम्मू-कश्मीर का हैण्डलूम एवं शॉल, पश्चिम बंगाल का हैण्ड ब्लॉक प्रिंटिंग मटेरियल, खुरजा उत्तरप्रदेश के सिरेमिक पॉट एवं आकर्षक गुलदस्तेें के अलावा दिल्ली, हरियाणा, जयपुर, अहमदाबाद, महाराष्ट्र राज्यों एवं छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध हस्तशिल्प एवं हैण्डलूम कोसा के उत्पाद इ
राजिम माघी मेला विशेष: दर्शन कीजिए राजिम स्थित भव्य राजीव लोचन मंदिर

राजिम माघी मेला विशेष: दर्शन कीजिए राजिम स्थित भव्य राजीव लोचन मंदिर

chhattisgarh, News, special, tourism
छत्तीसगढ़ के प्रयाग शहर राजिम में स्थित है भगवान राजीव लोचन का भव्य मंदिर। राजधानी रायपुर से दूर गरियाबंद जिले के राजिम शहर में महानदी के संगम के किनारे स्थित मंदिर में प्रतिवर्ष माघ मास में पुन्नी मेले का भी आयोजन होता है। राजिम को प्रयागराज जैसे प्रयाग स्थल के रूप में माना जाता है, यह पैरी  नदी, सोढ़ुर नदी और महानदी नदी का संगम है। यही कारण है कि इस संगम स्थान में अस्थि विसर्जन  और पिंडदान, श्राद्ध और पूजा में किया जाता है। यहाँ कई ऐतिहासिक हिन्दू मंदिर है। मंदिर का इतिहास राजीवलोचन मंदिर यहां सभी मंदिरों से प्राचीन है। नल वंशी विलासतुंग के राजीवलोचन मंदिर अभिलेख के आधार पर इस मंदिर को 8 वीं शताब्दी का कहा गया है। इस अभिलेख में महाराजा विलासतुंग द्वारा विष्णु के मंदिर के निर्माण करने का वर्णन है। वीडियो देखे https://youtu.be/--TZz3KX8NE धार्मिक जनश्रुति   एक मान्यता के अन
रायपुर : राजिम माघी पुन्नी मेला 9 फरवरी से धर्मस्व मंत्री ताम्रध्वज साहू ने की तैयारियों की समीक्षा, स्थल का निरीक्षण भी किया

रायपुर : राजिम माघी पुन्नी मेला 9 फरवरी से धर्मस्व मंत्री ताम्रध्वज साहू ने की तैयारियों की समीक्षा, स्थल का निरीक्षण भी किया

chhattisgarh, News, special, tourism
रायपुर। धार्मिक न्यास और धर्मस्व मंत्री श्री ताम्रध्वज साहू ने आज अपने रायपुर स्थित निवास कार्यालय में राजिम माघी पुन्नी मेला समिति की बैठक लेकर मेला की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने राजिम त्रिवेणी में हर साल माघ पूर्णिमा से शुरू होकर महाशिवरात्रि तक चलने वाले धार्मिक आयोजन को मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप उसके मूल स्वरूप में मेला के रूप में पूरी भव्यता के साथ आयोजित करने मेला समिति को निर्देश दिए। राजिम माघी पुन्नी मेला का शुभारंभ 9 फरवरी से शुरू होकर 21 फरवरी तक चलेगा। बैठक मेें मेला के शुभारंभ और समापन तथा मेला अवधि में आयोजित होने वाले विभिन्न कार्यक्रमों की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा हुई। धर्मस्व मंत्री ने कहा कि मेला से संबंधित पिछले अनुभवों के आधार पर मेला और बेहतर कैसे किया जा सकता है, यदि पिछले आयोजन में कोई कमी या समस्या रही हो, उसे ठीक किया जाए। उन्हो
मुख्यमंत्री ‘मावा बस्तर-बेरसिंता’ कार्यक्रम में हुए शामिल, बच्चों के साथ ये देश है वीर जवानों का.. गीत पर जमकर थिरके

मुख्यमंत्री ‘मावा बस्तर-बेरसिंता’ कार्यक्रम में हुए शामिल, बच्चों के साथ ये देश है वीर जवानों का.. गीत पर जमकर थिरके

chhattisgarh, News, tourism
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा  है कि विश्वास, विकास एवं सुरक्षा छत्तीसगढ़ सरकार का मूलमंत्र है। छत्तीसगढ़ सरकार इस दिशा में पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल आज शाम जगदलपुर के लालबाग स्थित पुलिस कोआर्डिनेशन सेन्टर में आयोजित *''मावा बस्तर-बेरसिंता बस्तर''* कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने पुलिस कोआर्डिनेशन सेन्टर में नवनिर्मित आडिटोरियम का लोकार्पण भी किया। कार्यक्रम में विधायक जगदलपुर श्री रेखचन्द जैन, विधायक चित्रकोट श्री राजमन बेंजाम, महापौर सफिरा साहू, नगर निगम की सभापति श्रीमती कविता साहू, बस्तर संभाग के आयुक्त श्री अमृत कुमार खलखो, आईजी श्री पी. सुन्दरराज, कलेक्टर डाॅ. अय्याज तम्बोली, एसपी श्री दीपक झा उपस्थित थे। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल आज बस्तर प्रवास के दौरान पुलिस कार्डिनेशन सेन्टर में प्रयास आवासीय विद्यालय के बच्चों के सा
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राष्ट्रीय पर्यटन दिवस एवं राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राष्ट्रीय पर्यटन दिवस एवं राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं

chhattisgarh, india, News, tourism
राष्ट्रीय पर्यटन दिवस मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने 25 जनवरी को राष्ट्रीय पर्यटन दिवस पर प्रदेशवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि छत्तीसगढ़ में पर्यटन की व्यापक संभावनाएं हैं। यहां प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण अनेक रमणीय स्थलों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के गौरवशाली अतीत और समृद्ध विरासत को संजोए अनेक ऐसे पुरातात्विक और ऐतिहासिक महत्व के स्थल हैं, जो बरबस ही लोगों को आकर्षित करते हैं। राज्य सरकार द्वारा प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने की कार्ययोजना पर काम किया जा रहा है। हाल ही में छत्तीसगढ़ में स्थित राम वन गमन पथ को विकसित करने का निर्णय लिया गया है। प्रथम चरण में राम वन गमन पथ में आने वाले स्थलों में से आठ स्थलों-सीतामढ़ी-हरचौका, रामगढ़, शिवरीनारायण, तुरतुरिया, चन्दखुरी, राजिम, सिहावा और जगदलपुर को पर्यटन परिपथ के रूप में विकसित करने का काम शुरू हो गया है। महासम
स्वामी विवेकानंद की स्मृति में स्मारक बनाकर बूढ़ापारा स्थित भवन को किया जाएगा संरक्षित, दर्रेकसा के पास स्थित गुफा को भी पर्यटन क्षेत्र बनाया गया

स्वामी विवेकानंद की स्मृति में स्मारक बनाकर बूढ़ापारा स्थित भवन को किया जाएगा संरक्षित, दर्रेकसा के पास स्थित गुफा को भी पर्यटन क्षेत्र बनाया गया

chhattisgarh, News, special, tourism
रायपुर | छत्तीसगढ़ की राजधानी में स्वामी विवेकानंद की याद में राष्ट्रीय स्मारक बनाया जाएगा। यह बातें 30 साल पहले चर्चा में आईं थी, मगर अब यह सच साबित होती दिख रही हैं। अब तक किसी न किसी वजह से स्मारक बनाने का काम रुका ही हुआ था। दरअसल रायपुर में जहां स्वामी विवेकानंद रहे थे, वह स्थान रायबहादुर भूतनाथ डे चेरिटेबल ट्रस्ट  के अधीन है। उचित व्यवस्थापन तय न हो पाने की सूरत में यहां कुछ भी काम अब तक नहीं हो सका था। मगर अब 2 जनवरी को हुए कैबिनेट के फैसले में ट्रस्ट को जमीन और भवन देने के मुद्दे पर निर्णय लिया गया। ट्रस्ट को नगर निगम के पास मौजूद भूमि में स्थान दिया जाएगा। वर्तमान में ट्रस्ट स्कूल भी चला रहा है, इन्हें नया स्कूल भी बनाकर दिया जाएगा ताकि बच्चों की पढ़ाई का नुकसान न हो। मौजूदा स्थिति जिला प्रशासन और ट्रस्ट से मिली जानकारी के मुताबिक ट्रस्ट को जमीन दिए जाने को लेकर हर स्तर पर बात-
ठंड का प्रकोप : मैनपाट में पारा 0.5 डिग्री, रायपुर और बिलासपुर में शीतलहर, सीएम ने दिए सभी कलेक्टर को निर्देश जगह-जगह जलवाएं अलाव

ठंड का प्रकोप : मैनपाट में पारा 0.5 डिग्री, रायपुर और बिलासपुर में शीतलहर, सीएम ने दिए सभी कलेक्टर को निर्देश जगह-जगह जलवाएं अलाव

chhattisgarh, india, News, tourism
रायपुर | रात के तापमान में मामूली गिरावट के बावजूद प्रदेशभर में रविवार को कड़ाके की सर्दी रही। उत्तरी छत्तीसगढ़ के पहाड़ी इलाकों में रात का तापमान 3 डिग्री तक गिर चुका है। सामरी, मैनपाट, चिल्फी, पेंड्रारोड आदि इलाकों में दूसरे दिन भी बर्फ जम गई। सुबह उठते ही लोगों ने घरों के बाहर घास, पेड़ और खलिहानों मंे बर्फ की चादर देखी। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि नमी आने की वजह से तापमान में गिरावट आई है। उत्तर भारत से आ रही शुष्क और ठंडी हवा के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में शीतलहर चल रही है। अंबिकापुर, पेंड्रारोड में रात का तापमान सामान्य से 4 और 6 डिग्री तक कम है। कहां कितना पारा शहर     न्यूनतम रायपुर     10.8 डिग्री माना     9.5 डिग्री पेंड्रा     4.2 डिग्री अंबिकापुर     4.1 डिग्री बिलासपुर     6.5 डिग्री दुर्ग     6.2 डिग्री राजनांदगांव     5.6 डिग्री जगदलपुर     9.2 डिग्री नए
राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य 2019 : शिल्प ग्राम, छत्तीसगढ़ी व्यंजन और विभागीय स्टाल बने महोत्सव में आकर्षण का केन्द्र

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य 2019 : शिल्प ग्राम, छत्तीसगढ़ी व्यंजन और विभागीय स्टाल बने महोत्सव में आकर्षण का केन्द्र

chhattisgarh, india, News, tourism
रायपुर। प्रदेश में पहली बार आयोजित राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के आखरी दिन अवकाश का दिन होने के कारण मुख्य मंच पर आयोजित कार्यक्रमों के अलावा यहां लगाए गए स्टालों में रायपुर सहित प्रदेश भर के लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। विशेष तौर पर शिल्प ग्राम, छत्तीसगढ़ी व्यंजनों पर आधारित फूड जोन और विभागीय स्टॉलों की ओर रूख कर रहे है। शिल्प ग्राम में बेलमेटल, मिट्टी के बर्तन, हैण्डलूम में जमकर हुई खरीदी-शिल्प ग्राम जोन में बस्तर के बेल मेटल में आंगतुक काफी रूचि ले रहे। यहां आदिवासी संस्कृति का पुट लिए मूर्तियां लोगों की पहली पसंद बनी है। बेलमेटल से निर्मित कलाकृतियों को बेहतर प्रतिसाद मिल रहा है। माटीकला बोर्ड द्वारा कुम्हारों द्वारा चॉक के निर्मित बरतनों की प्रदर्शनी लगाकर उन्हें बेचे जा रहे हैं। इसमें मिट्टी के डिजायनर दीये, लैम्प, बोतल, कड़ाही, गिलास, डिनर सेट सहित वॉल डेकोरेटिव आयटम भी हैं
रायपुर : ‘राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव, अब राज्योत्सव के साथ हर वर्ष आयोजित होगा’ – मुख्यमंत्री भूपेश बघेल

रायपुर : ‘राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव, अब राज्योत्सव के साथ हर वर्ष आयोजित होगा’ – मुख्यमंत्री भूपेश बघेल

chhattisgarh, News, special, tourism
रायपुर। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा है कि अब हर साल राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का आयोजन होगा। यह आयोजन राज्योत्सव के साथ होगा। राज्योत्सव कुल पांच दिनों को होगा। इसमें पहले दो दिन राज्य के स्थानीय कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। वहीं शेष तीन दिन राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में आयोजित राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव में पहली बार देश-विदेश के कलाकारों ने एक साथ मंच साझा किया है। तीन दिवसीय महोत्सव में बड़ी संख्या में आदिवासी कलाकारों ने अपनी कला और संस्कृति को नृत्य के माध्यम से प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में छह देशों सहित 25 राज्यों और तीन केन्द्र शासित प्रदेशों के कलाकार एक साथ जुटे। इस महोत्सव में देश-विदेश की जनजातीय संस्कृतियों को करीब से जानने का लोगों को मौका मिला। इस महोत्सव ने अनेकता में एकता का संदेश दिया
‘यह साल किसानों की समृद्धि का रहा’, ग्राम पतोरा में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, प्राचीन हनुमान मंदिर में भगवान के दर्शन भी किए

‘यह साल किसानों की समृद्धि का रहा’, ग्राम पतोरा में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, प्राचीन हनुमान मंदिर में भगवान के दर्शन भी किए

chhattisgarh, News, special, tourism
रायपुर। हमारी सरकार की योजनाओं की वजह से कृषकों को खेती पर भरोसा लौटा है। 2500 रूपए में धान खरीदी एवं कर्जमाफी के निर्णय से किसानों को आर्थिक संबल मिला। इस साल प्रदेश के किसानों की समृद्धि का साल रहा, यह बात मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने ग्राम पतोरा में आयोजित कार्यक्रम में कही। वे सार्वजनिक हनुमान मन्दिर उत्सव में भाग लेने पहुंचे थे। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि सरकार ने न केवल कृषकों को फसल का उचित दाम दिलाने को लेकर पहल की है अपितु ग्रामीण विकास की एक ऐसी योजना पर कार्य कर रही है जिससे आत्मनिर्भर गांव का रास्ता तैयार होगा। इसके लिए संसाधन ग्रामीण क्षेत्र से ही आएंगे। पशुधन के उचित दोहन से बेहतर आय की संभावनाएं बनेंगी। गौठान में उत्पादित कम्पोस्ट खाद आदि के माध्यम से जैविक खेती का रास्ता भी तैयार होगा और कम्पोस्ट खाद का अच्छा मूल्य भी हासिल होगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कह