Shadow

Tag: tribal

रायपुर : छत्तीसगढ़ के आदिवासियों के लिए संजीवनी बना लघु वनोपज

रायपुर : छत्तीसगढ़ के आदिवासियों के लिए संजीवनी बना लघु वनोपज

chhattisgarh, Govt Schemes, News, special
रायपुर. कोरोना वायरस के संक्रमण और इस विश्व व्यापी महामारी से उत्पन्न संकट के समय मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के सुशासन और कुशल प्रबंधन, समन्वय की ठोस नीति के कारण राज्य सरकार द्वारा प्रदेश में वनोपजों का संग्रहण एवं प्रसंस्करण वनवासियों के लिए संजीवनी साबित हो रहा है। राज्य में लगभग 2 हजार करोड़ रूपये का वनोपज का उत्पादन होता है, जिसमें लगभग 900 करोड़ रूपये का तेंदूपत्ता एवं 11 सौ करोड़ रूपये के अन्य लघु वनोपज जैसे-इमली, महुआ, चिरौंजी, लाख आदि का उत्पादन होता है। महिला समूहों द्वारा 21 दिनों के लाॅकडाउन की संकट की घड़ी में भी 15 करोड़ के वनोपज का संग्रहण प्रदेश में 12 लाख परिवारों द्वारा लगभग 15 लाख मानक बोरा तेंदूपत्ता का संग्रहण एवं भंडारण अगले दो माह में किया जायेगा। संग्राहकों को 4 हजार रूपये प्रति मानक बोरा के हिसाब से 6 सौ करोड़ रूपये का पारिश्रमिक वितरण किया जायेगा। सरकार ने वन...
#IndiaFightsCorona बस्तर के आदिवासियों ने पत्तों से बनाए मास्क, सुकमा में मजदूर बाहर गांव लौटे तो झोपड़ी में किया क्वेरेंटाइन

#IndiaFightsCorona बस्तर के आदिवासियों ने पत्तों से बनाए मास्क, सुकमा में मजदूर बाहर गांव लौटे तो झोपड़ी में किया क्वेरेंटाइन

chhattisgarh, News
रायपुर | कोरोनावायरस के संक्रमण से बचने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन है। अपील के बावजूद शहरों में लोग सड़कों पर हैं। विदेश से आए लोग अपनी पहचान छिपाने में लगे हुए हैं। छत्तीसगढ़ में ऐसे 27 लोगों की सरकार को तलाश है। इन सबके बीच गांवों से आई तस्वीरें सुकून देती हैं। मजदूर बाहर से गांव लौटे तो उनके लिए अलग झोपड़ी बनाई, राशन का इंतजाम किया। मास्क नहीं मिले तो पत्तों से बनाए। गांव की सीमाएं सील कर दी और कहा- बाहर से आने वालों का प्रवेश मना है। जहां स्वास्थ्य सुविधाएं तक नहीं, वहां पत्तों का मास्क कांकेर के आमाबेड़ा का ग्राम कुरूटोला। आदिवासी बाहुल्य इस गांव से जागरूकता की मिसाल सामने आई है। संक्रमण से बचने के लिए मास्क पहनने की सलाह दी गई है, लेकिन दूर-दूर तक स्वास्थ्य सुविधाओं का पता नहीं है। ऐसे में ग्रामीणों ने देशी तरीका अपनाया और पेड़ के पत्तों से ही मास्क बना लिया है। ग्रामीण अब इसी का...
गणतंत्र दिवस 2020 : छत्तीसगढ़ी गहने व शिल्प को देखेगी दुनिया, राजपथ पर सबसे आगे होगी झांकी

गणतंत्र दिवस 2020 : छत्तीसगढ़ी गहने व शिल्प को देखेगी दुनिया, राजपथ पर सबसे आगे होगी झांकी

chhattisgarh, News, special
नई दिल्ली | छत्तीसगढ़ के पारंपरिक गहनें और शिल्प को अब पूरा देश-दुनिया देखेगी। गणतंत्र दिवस के अवसर पर नईदिल्ली के राजपथ पर झांकी में इसका प्रदर्शन होने जा रहा है। राष्ट्रीय पर्व के मुख्य समारोह में प्रदर्शित होने वाली विभिन्न राज्यों और मंत्रालयों की झांकियों में इस बार छत्तीसगढ़ की झांकी सबसे पहले क्रम पर होगा। छत्तीसगढ़ के पारंपरिक गहनें और शिल्प पर आधारित झांकी का चयन रक्षा मंत्रालय की उच्च स्तरीय समिति द्वारा किया गया है। कई दौर के परीक्षण और रिहर्सल के बाद देशभर के 29 राज्यों की 58 प्रस्तावों में से 22 झांकियों का चयन राजपथ पर प्रदर्शन के लिए हुआ है। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच प्रदर्शन के लिए चयन हुआ। सबसे पहले क्रम पर छत्तीसगढ़ की झांकी होने से कलाकारों और तैयारी में जुटे अफसरों में खासा उत्साह है। झांकी प्रस्तुति की तैयारियों का जायजा लेने जनसंपर्क विभाग के आयुक्त तारन प्रकाश सि...
जल्द रिहा होंगे निर्दोष 313 आदिवासी, आदेश की कॉपी कोर्ट पहुंची, रिटायर्ड जज ऐके पटनायक के नेतृत्व में बनी कमेटी ने की थी अनुशंसा

जल्द रिहा होंगे निर्दोष 313 आदिवासी, आदेश की कॉपी कोर्ट पहुंची, रिटायर्ड जज ऐके पटनायक के नेतृत्व में बनी कमेटी ने की थी अनुशंसा

chhattisgarh, News
जगदलपुर | सालों से जेलों में बंद निर्दोष आदिवासियों की रिहाई की प्रक्रिया एक कदम और आगे बढ़ गई है। अब इन आदिवासियाें की रिहाई के दस्तावेज न्यायालय तक पहुंच गए हैं। सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जज ऐके पटनायक के नेतृत्व में बनी कमेटी ने 313 आदिवासियों को रिहा करने की अनुशंसा की थी। इसे राज्य सरकार ने मान लिया था और 313 आदिवासियों के मामलों की समीक्षा कर अब उनकी रिहाई के लिए कागजात अलग-अलग न्यायालयों में भेज दिए गए हैं। अब इन आदिवासियों के खिलाफ चल रहे प्रकरण न्यायालय के जरिए वापस होंगे। न्यायालय तक दस्तावेज पहुंचने के बाद ऐसा माना जा रहा है कि फरवरी के पहले पखवाड़े या अंत तक इनकी रिहाई हो जाएगी। प्रदेश में यह पहला मौका है जब सरकार एक साथ इतने आदिवासियों को रिहा कर रही है। अभी तक सिर्फ आबकारी एक्ट के तहत जेलों में बंद किए गए आदिवासियों को रिहा किया जाता रहा है। कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव...
रायपुर : राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का सफल आयोजन, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेशवासियों का आभार व्यक्त किया

रायपुर : राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का सफल आयोजन, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेशवासियों का आभार व्यक्त किया

chhattisgarh, News, politics, special
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने राजधानी रायपुर में 27 से 29 दिसम्बर तक आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के सफल आयोजन के लिए प्रदेशवासियों का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने जनता के नाम लिखे आभार पत्र में कहा है- मेरे प्यारे प्रदेशवासियों! छत्तीसगढ़ में तीन दिवसीय राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का महाआयोजन आप सबके सहयोग से सफल रहा। इस आयोजन ने ना केवल मुझे बल्कि पूरे प्रदेशवासियों को गौरवान्वित होने का मौका दिया। मैं यह पत्र आप सभी लोगों का आभार व्यक्त करने के लिए लिख रहा हूं। जब हमने आदिवासी संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए इस नृत्य महोत्सव के आयोजन की कल्पना की थी, तो मन में कई आशंकाएं थी, लेकिन मुझे बेहद खुशी है कि आप सब ने मिलकर सभी आशंकाओं को निर्मूल साबित किया है। इस आयोजन की सफलता के बाद हमने सभी की सहमति से यह निर्णय लिया है, कि अब प्रत्येक वर्ष राष्ट्रीय आदिव...
रायपुर : तीन दिवसीय राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का रंगा-रंग आगाज, लद्दाख, सिक्किम, अरूणाचल प्रदेश, बेलारूस और छत्तीसगढ़ के लोक कलाकारों ने महोत्सव में संस्कृति की छटा बिखेरी

रायपुर : तीन दिवसीय राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव का रंगा-रंग आगाज, लद्दाख, सिक्किम, अरूणाचल प्रदेश, बेलारूस और छत्तीसगढ़ के लोक कलाकारों ने महोत्सव में संस्कृति की छटा बिखेरी

chhattisgarh, entertainment, News, special, tourism
रायपुर। राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019 का आज रंगारंग शुभारंभ हुआ, जिसमें देश-विदेश से आए कलाकारों ने पारम्परिक वेशभूषा में आकर्षक नृत्य प्रस्तुत किया। प्रदेश का विख्यात दण्डामी माड़िया नृत्य की प्रस्तुुति के दौरान मुख्य अतिथि के तौर पर आमंत्रित लोकसभा सदस्य श्री राहुल गांधी सहित प्रदेश का समूचा मंत्रिमंडल भी मंच पर थिरका। भारत की जनजातियों की कला, संस्कृति एवं जीवन शैली पर आधारित राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के तीन दिवसीय आयोजन का आगाज आज स्थानीय साईंस कॉलेज मैदान परिसर में किया गया, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित लोकसभा सदस्य श्री राहुल गांधी उपस्थित थे। मेजबान प्रदेश छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल सहित प्रदेश मंत्रिमंडल के मंत्रीगणों की मौजूूदगी में आज सुबह आदिवासी नृत्य महोत्सव प्रारंभ हुआ। इस दौरान सभी लोक कला नर्तकों के द्वारा आकर्षक झांकी निकाली गई साथ...
रायपुर : राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य 2019 मुख्य अतिथि राहुल गांधी पहुँचे रायपुर, स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने स्वागत किया

रायपुर : राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य 2019 मुख्य अतिथि राहुल गांधी पहुँचे रायपुर, स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने स्वागत किया

chhattisgarh, News, politics, Videos
रायपुर राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य 2019 महोत्सव के शुभारंभ कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने लोकसभा सांसद श्री राहुल गांधी आज सुबह रायपुर के स्वामी विवेकानंद विमानतल पहुँचे। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने पुष्पगुच्छ भेंटकर उनका स्वागत किया। इस अवसर पर मंत्रिमंडल के सभी सदस्य गण और विशिष्ठ जन उपस्थित थे। इसके उपरांत श्री राहुल गांधी, मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल और मंत्री मंडल के सदस्यों तथा जनप्रतिनिधि गण, साइंस कॉलेज रायपुर में होने वाले महोत्सव मैदान के लिए बस से रवाना हुए। https://youtu.be/WIU9YNuWIVA  ...
राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019: सीएम बघेल ने लिया तैयारियों का जायजा, कहा, “थिरकेगा देश आदिवासी थाप पर”

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019: सीएम बघेल ने लिया तैयारियों का जायजा, कहा, “थिरकेगा देश आदिवासी थाप पर”

chhattisgarh, india, News, tourism
रायपुर (एजेंसी) | मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बुधवार देर शाम को बेमेतरा दौरे से रायपुर लौटने के बाद सीधे साईंस कॉलेज मैदान पहुंचे। उन्होंने 27 से 29 दिसम्बर तक आयोजित होने वाले राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव की तैयारियों का विस्तार से जायजा लिया। इस अवसर पर उनके साथ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरणदास महंत, गृह मंत्री ताम्रध्वज साहू, कृषि एवं पशुपालन मंत्री रविन्द्र चौबे तथा खाद्य एवं संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत भी पहुंचे थे। मुख्यमंत्री बघेल ने कलाकारों द्वारा कार्यक्रमों की सफल प्रस्तुति के लिए समुचित इंतजाम के संबंध में भी संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि देश-विदेश से पहुंचे सभी कलाकारों के मान-सम्मान का ख्याल रखा जाए और जब वे जाएं तो अपने साथ छत्तीसगढ़ की संस्कृति और आथित्य भाव की एक सुखद स्मृति लेकर जाएं। मुख्य सचिव आर.पी. मंडल ने बताया कि राष्ट्रीय...
राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019: 27 दिसंबर को आ सकते हैं राहुल गांधी और प्रियंका गाँधी, मध्यप्रदेश के सीएम कमलनाथ को भी न्योता

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019: 27 दिसंबर को आ सकते हैं राहुल गांधी और प्रियंका गाँधी, मध्यप्रदेश के सीएम कमलनाथ को भी न्योता

chhattisgarh, india, News, tourism
रायपुर (एजेंसी) | 27 दिसंबर से राजधानी में शुरू हो रहे तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव की तैयारियां जोरों पर है। इस कार्यक्रम के उद्घाटन समारोह में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा शामिल हो सकते हैं। अंतिम कार्यक्रम नहीं आया है दोनों सुबह करीब साढ़े दस बजे रायपुर आएंगे और करीब दो घंटे कार्यक्रम में शामिल रहेंगे। प्रियंका यह पहला रायपुर दौरा होगा। सीएम कमलनाथ को भी न्योता मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री आदरणीय श्री कमलनाथ जी से आज भोपाल के वल्लभ भवन में मुलाकात की और उन्हें छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 27-29 दिसम्बर तक आयोजित होने वाले राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव में शामिल होने आमंत्रित किया।@OfficeOfKNath pic.twitter.com/IFCwIq44NO — MOHAN MARKAM (@MohanMarkamPCC) December 23, 2019 कोण्डागांव विधायक और पीसीसी अध्यक्ष मोहन मरकाम ने मध्यप्रदेश ...
राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019 : लद्दाख का दल विवाह नृत्य और निकोबारी दल, पूर्वजों के सम्मान वाला नृत्य करेंगे प्रस्तुत

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव 2019 : लद्दाख का दल विवाह नृत्य और निकोबारी दल, पूर्वजों के सम्मान वाला नृत्य करेंगे प्रस्तुत

chhattisgarh, entertainment, Govt Schemes, News, tourism
रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आगामी शुक्रवार 27 दिसंबर से आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव में शामिल होने वाले दलों के अपने अपने स्थानों से प्रतियोगिता में सम्मिलित होने के लिए रायपुर रवाना होने की जानकारियां प्राप्त होने लगी है। अरुणाचल प्रदेश जैसे दूरदराज के कलाकार रविवार को रायपुर के लिए रवाना हो चुके हैं और उत्तराखंड के कलाकार आज रवाना होने वाले  हैं। प्रतिभागियों में जबरदस्त उत्साह है। देश के 25 राज्यों के आदिवासी नृत्यदल इस समारोह में भाग ले रहे हैं। इनमे कुछ स्थानों के आदिवासी दल पहली बार छत्तीसगढ़ आ रहे हैं। अंडमान के निकोबारी और लद्दाख के आदिवासी समूह इस महोत्सव में भाग ले रहे हैं। इनमें लद्दाख का नृत्यदल एक विवाह नृत्य प्रस्तुत करेगा वहीं निकोबारी के कलाकार अपने पूर्वजों के सम्मान के किये जाने वाला नृत्य प्रस्तुत करेंगे। लद्दाखी विवाह नृत्य लद्दाख दे...