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छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव 2018: दूसरे चरण में 72% वोटिंग; कांग्रेस ने आयोग से ईवीएम में छेड़छाड़ की शिकायत की

रायपुर (एजेंसी) | छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में 72 सीटों पर मंगलवार को मतदान हुआ। 6 बजे तक 71.93% वोटिंग हुई। सुबह रायपुर, रायपुर ग्रामीण, कवर्धा, जांजगीर चांपा, दुर्ग और बालोद समेत कई विधानसभा क्षेत्रों के 50 से ज्यादा मतदान केंद्रों पर ईवीएम में गड़बड़ी की शिकायतें सामने आई। उधर, कांग्रेस नेता पीएल पुनिया के नेतृत्व में एक टीम ने दिल्ली में चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात की। उन्होंने छत्तीसगढ़ चुनावों में ईवीएम के साथ छेड़छाड़ की शिकायत की। 2013 में इन्हीं 72 सीटों पर 75.67% मतदान हुआ था।




पीएल पुनिया ने कहा, “छत्तीसगढ़ में ईवीएम मशीनें घर से मिली हैं। भाजपा के प्रत्याशी जगह-जगह पैसे बांटते हुए पकड़े गए। दो लाख भी बरामद हुए। एफआईआर दर्ज हुई, लेकिन गिरफ्तारी नहीं हुई। चुनाव आयोग से निष्पक्ष तरीके से चुनाव कराने की मांग की गई है।” इससे पहले ईवीएम में गड़बड़ी के चलते सक्ती से भाजपा प्रत्याशी मेघराम साहू एक घंटे तक मतदान के लिए लाइन में खड़े रहे।

63 ईवीएम यूनिटों में गड़बड़ी आई

ईवीएम में गड़बड़ी की शिकायतें सामने आने के बाद छत्तीसगढ़ के मुख्य चुनाव आयुक्त सुब्रत साहू सामने आए। उन्होंने मतदाताओं से कहा कि ईवीएम खराब होने की सूचनाओं पर ध्यान न दें। ईवीएम पर्याप्त संख्या में है। साहू ने कहा कि 9 हजार में सिर्फ 63 ईवीएम यूनिटों में गड़बड़ी आई थी। इनमें से 17 मशीनों के कंट्रोल, 27 के बैलेट और 19 के वीवीपैट बदले गए।

छत्तीसगढ़ में दूसरे चरण में कुल 1079 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। इनमें भाजपा के 9 मंत्री और मुख्यमंत्री कैंडिडेट बनने के कांग्रेस के तीन दावेदारों की प्रतिष्ठा भी दांव पर लगी है। पहले चरण की 18 सीटों पर 12 नवंबर को 76.28 फीसदी वोटिंग हुई थी, जो पिछली बार इन सीटों पर हुए 75.93 प्रतिशत मतदान से करीब 0.35 फीसदी ज्यादा है। राज्य की 90 सीटों के परिणाम 11 दिसंबर को आएंगे।

रायपुर में भी भिड़े कांग्रेस-भाजपा कार्यकर्ता

रायपुर पश्चिम में रामनगर में भाजपा-कांग्रेस कार्यकर्ताओं में झड़प हो गई। आरोप है कि भाजपा नेता मतदान केंद्र में घुसने की कोशिश कर रहे थे। वहां मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया। जब तक पुलिस पहुंची दोनों में झड़प शुरू हो गई। इस दौरान पुलिस अधिकारियों के साथ भी धक्का-मुक्की हुई। बाद में  आरएएफ ने लाठियां पटककर हंगामा कर रहे कार्यकर्ताओं को वहां से भगाया।

मतदान अपडेट्स:

  • रायपुर दक्षिण के दो बूथ 126 और 129 में ईवीएम खराब होने से मतदान सुबह 10 बजे करीब आधे घंटे तक रुका रहा।
  • कलेक्टर पद से इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल हुए ओपी चौधरी ने खरसिया विधानसभा सीट के पोलिंग बूथ पर मतदान किया।
  • रायगढ़ सीट पर राजीव नगर में वोटिंग मशीन में गड़बड़ी की शिकायत। मतदान में हुई देरी।
    जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रमुख अजीत जोगी और उनके बेटे अमित जोगी ने पेंड्रा के मतदान केंद्र पर वोट डाला।
  • बेमेतरा विधानसभा में फरी गांव के मतदान केंद्र में ईवीएम पर कांग्रेस पार्टी को छोड़कर सभी का बटन दबने की शिकायत ग्रामीणों ने की। इसके चलते आधे घंटे बाधित रहा मतदान। बाद में ईवीएम को ठीक किया गया।
  • भाजपा के पक्ष में वोट कराने के आरोप में मरवाही विधानसभा के एक बूथ पर पोलिंग अफसर कमल तिवारी गिरफ्तार। पीठासीन अधिकारी सुरेंद्र सिंह पर भी आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने गड़बड़ी के आरोप लगाए।

  • कोरबा के कलेक्टर कैसर अब्दुल हक की पत्नी हिना हक ने मतदान के दौरान निर्वाचन आयोग की नियमावली का उल्लंघन किया। वह मोबाइल फोन लेकर पोलिंग बूथ पहुंचीं। नियमावली में तीन माह की सजा का है प्रावधान।
    पार्टी विशेष के पक्ष में वोट डालवाने के आरोप में रायपुर में दो पीठासीन अधिकारी और दो पुलिस अधिकारी हटाए गए।
  • मुख्यमंत्री रमन सिंह ने कवर्धा स्थित एक बूथ में परिवार के साथ मतदान किया। वोट डालने के बाद सेल्फी भी ली।
    जांजगीर के मड़वा गांव में ग्रामीणों ने एकजुट होकर मतदान का बहिष्कार किया। सरकार पर जमीन कब्जाने और सरकारी नौकरी नहीं देने का लगाया आरोप।
  • भटगांव विधानसभा क्षेत्र के चार मतदान केंद्र, रामपुर विधानसभा के जमनीपाली गांव में एक, जांजगीर में एक और सारंगगढ़ विधानसभा के खैरगढ़ी में एक बूथ पर ग्रामीणों ने मतदान का बहिष्कार किया। ग्रामीणों को जोनल अधिकारियों ने समझाया।

9 मंत्री मैदान में

रमन सिंह सरकार के नौ मंत्रियों की प्रतिष्ठा दांव पर है। इनमें बृजमोहन अग्रवाल (रायपुर दक्षिण), राजेश मूणत (रायपुर पश्चिम), प्रेमप्रकाश पाण्डेय (भिलाई नगर), अजय चंद्राकर (कुरुद), पुन्नूलाल मोहले (मुंगेली), भैयालाल रजवाड़े (मनेंद्रगढ़), रामसेवक पैकरा (प्रतापपुर), अमर अग्रवाल (बिलासपुर) और दयालदास बघेल (बेमेतरा) शामिल हैं।




कांग्रेस से मुख्यमंत्री पद के तीन दावेदार : कांग्रेस से प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल (पाटन), टीएस सिंहदेव (अंबिकापुर) और चरणदास महंत (सक्ती)। तीनों मुख्यमंत्री पद के दावेदार हैं। पंजाब के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने सक्ती में कहा था कि अगर यहां से जो प्रत्याशी (चरणदास) खड़ा है, वह जीतकर मुख्यमंत्री बन सकता है।

11 सीट पर 20 से ज्यादा उम्मीदवार
कुल उम्मीदवार : 1079
कुल वोटर : 1 करोड़ 53 लाख 85 हजार 983
पुरुष वोटर : 77 लाख 46 हजार
महिला वोटर : 76 लाख 38 हजार
थर्ड जेंडर : 877
दूसरे चरण में 493 निर्दलीय प्रत्याशी मैदान में हैं। रायपुर दक्षिण से सबसे ज्यादा 46 उम्मीदवार अपना भाग्य अजमा रहे हैं, तो सबसे कम 6 प्रत्याशी बिन्द्रानवागढ़ सीट पर खड़े हैं। 11 पर  20 या उससे ज्यादा प्रत्याशी चुनाव में हिस्सा ले रहे हैं। 18 से 19 साल के 3.50 लाख युवा पहली बार अपने मतदान का इस्तेमाल करेंगे।

72 में से करीब 20 पर बसपा-जोगी गठबंधन का आधार

दूसरे चरण की 72 सीटों में से 46 सामान्य के लिए, जबकि 9 एससी और 17 एसटी के लिए आरक्षित हैं। इसका फायदा बसपा और जोगी कांग्रेस को मिल सकता है। बसपा का दूसरे चरण की 20 से ज्यादा सीटों पर 2 फीसदी से लेकर 33 फीसदी तक जनाधार है। इनमें से 11 सीटें बिलासपुर संभाग की हैं। बिलासपुर संभाग में बसपा के प्रभाव वाली सीटों में चंद्रपुर, जैजैपुर, पामगढ़, तखतपुर, जांजगीर, सारंगढ़, अकलतरा, सक्ती, बेलतरा, मस्तूरी और मुंगेली शामिल हैं। इसके अलावा इस संभाग में जनता कांग्रेस के प्रभाव वाली सीटों में मरवाही, कोटा, लोरमी, मुंगेली, तखतपुर, बिल्हा, मस्तूरी और अकलतरा शामिल हैं।

इन सीटों पर रहेगी नजर

अंबिकापुर: टीएस सिंहदेव (कांग्रेस) vs अनुराग सिंहदेव। यह सीट सामान्य है, लेकिन आदिवासियों और ईसाई वोटरों का दबदबा है। टीएस सबसे अमीर उम्मीदवार हैं। इनकी संपत्ति 500 करोड़ से ज्यादा है।
कोटा: विभोर सिंह (कांग्रेस) vs काशी साहू (भाजपा) vs रेणु अजीत जोगी (जकांछ)। इस सीट पर रेणु कांग्रेस की टिकट पर पिछले तीन चुनाव से जीतती आ रही हैं।
मरवाही: अजीत जोगी (जकांछ) vs अर्चना सिंह (भाजपा) vs गुलाब सिंह। इस सीट से पांच साल के बाद पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी चुनाव लड़ रहे हैं। पिछली बार उन्होंने बेटे अमित को चुनाव लड़ाया था। जोगी परिवार की यह परंपरागत सीट है।
पाटन: भूपेश बघेल (कांग्रेस) vs मोतीलाल साहू (भाजपा)। इस सीट पर कुर्मी, साहू और सतनामी वोटर निर्णायक हैं। बघेल प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हैं।
रायपुर दक्षिण: बृजमोहन अग्रवाल (भाजपा) vs कन्हैया अग्रवाल (कांग्रेस)। बृजमोहन छह बार से विधायक हैं। कांग्रेस ने पहली कन्हैया अग्रवाल को इस सीट से मौका दिया है।
सक्ती: चरणदास महंत (कांग्रेस) vs मेधाराम साहू (भाजपा)। चरणदास महंत कांग्रेस के मुख्यमंत्री पद के दावेदारों में शामिल हैं।

मोदी से तीन गुनी ज्यादा सभाएं की राहुल ने

भाजपा: भाजपा ने 6 चॉपर के जरिए करीब 350 सभाएं, तीन रोड शो कराए। दूसरे चरण में मोदी ने चार सभाएं कीं। अध्यक्ष अमित शाह ने 17 सभाओं के साथ तीन रोड-शो, गृहमंत्री राजनाथ सिंह की 14, योगी आदित्यनाथ की 24, केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी की 20, रघुवर दास ने 7, मनोज तिवारी की 7 सभाएं हुईं।

कांग्रेस: राहुल ने तीन दिनों में 15 से ज्यादा सभाएं कीं। वे एक रात छत्तीसगढ़ में रुके भी। इस दौरान उन्होंने 52 विधानसभा सीटों को प्रभावित करने की कोशिश की। कांग्रेस के स्टार प्रचारकों के लिए लगभग 300 उड़ानें भरी गईं।

जोगी-माया गठबंधन: अजीत जोगी और मायावती ने गठबंधन के तहत करीब ढाई सौ रैलियां कीं। मायावती और जोगी ने संयुक्त रूप से करीब 6 चुनावी जनसभाएं की हैं, जबकि जोगी ने अकेली 89 रैलियां कींं ।



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